((مَنْ كَانَ آخِرُ كَلاَمِهِ لاَ إِلَهَ إِلاَّ اللَّهُ دَخَلَ الْجَنَّةَ)).
उच्चारण:
ला इलाहा इल्लल्लाह।
हिंदी अर्थ:
जिसके आखिरी अल्फ़ाज़ "अल्लाह के सिवा कोई माबूद नहीं" हों, वह जन्नत में दाखिल होगा। मरने वाले के आस-पास वालों को चाहिए कि उसे कलमा-ए-शहादत की याद प्यार से दिलाएं।
मरने वाले को कलमा याद दिलाना